किया कराया जादू टोना कैसे पहचाने और दूर करे इसके लिए सिद्ध तांत्रिक मंत्र साधना का प्रयोग कर दूर कर सकते है| अगर आप कोई कर देता है जादू टोना तो इसको जादू टोना के द्वारा से ही हटाया जा सकता है| किया कराया कौन करता है ?..वह, जो दूसरों की सफलता से जलता है | दूसरों की सफलता उससे बर्दाश्त नहीं होती | कभी-कभी तो व्यक्ति अपने स्वभाव से वशीभूत होकर किया कराने का काम कर बैठता है | जरुरी नहीं है कि कोई दुश्मन ही ऐसा करें | कभी-कभी आपका अपना कुछ ऐसा कर जाता है जिससे आपका नुकसान अवश्यम्भावी है | आपके साथ भी ऐसा ही कुछ हो रहा है तो घबराने की क्या बात है ?..अपनाए किया कराना हटाने का उपाय जो आपके लिए हम लेकर आए हैं | किया कराया हटाने के उपाय अपनाकर आप खोल सकते हैं अपनी उन्नति के बन्द हुए रास्ते |
किया कराया लक्षण/निदान
सबसे पहले आप यह जानकारी ले ले कि किया कराया के लक्षण क्या होते हैं ? किया कराया से ग्रसित व्यक्ति किस तरह का व्यवहार करता है या आपके घर में अथवा व्यापार में इसका क्या प्रभाव पड़ रहा है | अगर कोई व्यक्ति इस समस्या से ग्रसित है तो उसके लक्षण हैं —
* खिंचाव आना गले में,
* सांसो का भारीपन,
* मानसिक अशांति,
* तेज गति से चलना,
* शरीर में चोट लगने पर पाए जाने वाले नीले निशान जब कि चोट ना लगी हो,
* सही तरीके से नींद ना आना,
* अपर्याप्त नींद,
* शरीर या सर में भारीपन महसूस होना,
* हर समय किसी की उपस्थिति का संदेह होना,
* व्यक्ति के अंदर कुंठा,निराशा और किसी भी काम के प्रति उत्साह की कमी,
* बिना किसी कारण के बात बात में कलह की स्थिति पैदा होना,
* बिना मतलब के लड़ाई झगड़ा,
* घर में किसी की असामयिक मौत,
* अच्छे खासे चलते हुए व्यापार में अचानक से घाटा होना,
* चेहरे का कान्ति का गायब होना |
अगर इस तरह के लक्षण दिखाई पड़े तो समझ जाना चाहिए यह सब ऊपरी माया का प्रभाव है तथा उसका निदान करने का उपाय करना चाहिए |
Kiya karaya jadu tona निदान के कुछ उपाय –
१) गुगल में जावित्री, गायत्री और केसर के चुर्ण को मिलाकर २१ दिन तक लगातार सुबह शाम धूप दें अपने घर में |
२) गोमती चक्र ले लें चार की संख्या में | अब इसे पीड़ित मनुष्य के ऊपर से वार कर फेंक दे चारों दिशाओं में | यह आप बुधवार, जो शुक्ल पक्ष में पड़ता है उस दिन करें |
३) कपूर, पीली सरसों, गाय का घी तथा गूगल को मिलाकर धूप बनाए | आप प्रतिदिन इसे संध्या समय गोबर (गाय के) के द्वारा बनाए गए गोएठें (उपलों) के साथ जला कर धूप दें | इस क्रिया को लगाकर २१ दिन तक करें घर के हर हिस्से में |
४) प्रतिदिन पूरे घर में गौमूत्र का छिड़काव करें |
५) प्रतिदिन एक सुपारी (साबुत) अर्पण करें गणेश जी को |
६) हर रोज किसी दरिद्र नारायण को एक कटोरी भर कर अन्न का दान करें |
७) लहसुन का रस और हींग मिला ले | अब इसे सुंघा दें पीड़ित को |
८) जड़ ले लें काले धतूरे की | किसी भी रविवार के दिन उसका ताबीज बनाकर पहना दे पीड़ित व्यक्ति को |
९) गोरोचन और तगर को एक नए लाल रंग के कपड़े में बांधकर रख दे अपने पूजा स्थान में |
१०) पौधा लगाएं तुलसी का अपने घर में |
११) पाँच बूंद शहद की मिला ले गाय के कच्चे दूध(आधा लीटर) में संध्या के वक्त | अब इसका छिड़काव करे घर के प्रत्येक स्थान पर | मुख्य द्वार तक पहुंच कर बाकी सारा दूध को वहीं पर गिरा दें |
१२) प्रतिदिन पीड़ित व्यक्ति को पाठ करना चाहिए हनुमान चालीसा का | इसके साथ ही साथ गायत्री मंत्र का ११ बार जप करना चाहिये |
१३) कोयला सवा किलो को एक किलोग्राम साबुत उड़द के साथ मिलाकर काले रंग के सवा मीटर कपड़े में बांध लें | अब इसे पीड़ित व्यक्ति के ऊपर से वार कर जल में प्रवाहित कर दें |
किया कराया जादू टोना उपाय / किया कराया कैसे दूर करें
१) एक चांदी की कटोरी में लौंग और कपूर एक साथ डालकर पूजा स्थान में जला दें प्रतिदिन रात को सोने से पहले |
२) पौधा धतूरे का जड़ सहित उखाड़ लें पुष्य नक्षत्र में | अब इसे जमीन में इस कुछ इस तरह दबा दें कि पूरा पौधा जमीन के अंदर चला जाए और उपर रह जाए केवल जड़ वाला भाग | इस टोटके को अपनाने से घर में सुख शांति का अनुभव होता है |
३) शनिवार या मंगलवार के दिन पाठ करें बजरंग बाण का |
४) सदा हनुमान जी का ध्यान करें व सुंदरकांड का पाठ करें शनि मंगल के दिन |
५) शनि तथा मंगलवार के दिन श्रंगार करें हनुमान जी का और उन्हें चोला चढ़ाएं |
६) प्रतिदिन पवित्र होकर सुबह शाम दो-दो अगरबत्ती महाकाली के लिए जलाएं और उनसे अपने शरीर और घर की रक्षा के लिए प्रार्थना करें |
७) अपने घर के मंदिर में सात पत्ते रखे अशोक वृक्ष के | उनकी पूजा करें और सूख जाने पर इन पत्तों के स्थान पर नए पत्तों को स्थान दें तथा पुराने पत्तों को रख दें पीपल के पेड़ के नीचे |
किया कराया तांत्रिक उपाय
१) “ ओम् ऐं ह्रीं श्रीं ह्रां ह्रीं ह्रूं ह्रैं ओम नमो भगवते महाबल पराक्रमाय भूत-प्रेत पिशाच-शाकिनी- डाकिनी-यक्षणी-पूतना-मारी-महामारी, यक्ष राक्षस भैरव बेताल ग्रह राक्षसादिकम् क्षणेन हन हन भंजय भंजय मारय मारय शिक्षय शिक्षय महामारेश्वर रुद्रावतार हुं फट स्वाहा |” हनुमान जी के इस मंत्र का जाप किया जाए पाँच दफा प्रतिदिन | इससे दूर भाग जाते हैं भूत-प्रेत तथा कभी नहीं सताता है किया कराया |
२) “मंत्र रू ओम नमः भवे भास्कराय आस्माक अमुक सर्व ग्रहणं पीड़ा नाशनं कुरु-कुरु स्वाहा |” ..इस मंत्र द्वारा हवन करें १०८ बार जाप करते हुए | हवन में दुर्वा, धतूरा, शमी,आम्र पत्ता, चना, मूंग, चावल, गेहूं, तिल, जौ, सफेद सरसों, जड़ ( आक व ओंगा की ) दूध, मधु, गौ-मूत्र आदि समानों के मिश्रण से आहुति दें १०८ बार |
३) रुद्राक्ष या ओम् को अभिमंत्रित कर लाकेट बनाए | इसे धारण करे अपने गले में |
४) ’ओम’ का प्रतीक त्रिशूल में जड़वाकर अपने घर के मुख्य दरवाजे के ऊपर लगाएं |
५) केसर, चंदन या भभूती का तिलक करे अपने मस्तक पर |
६) हाथ में मौली बांधे |
७) शुद्ध घी अथवा सरसों तेल से दीपक जलाकर काजल बनाए दीपावली वाले दिन | अब इसे अपने आंखों में लगाएं | रक्षा होगी भूत, पिशाच, प्रेत, डाकिनी सभी से |
7737934285 WHATSUP OR CALL

टिप्पणियाँ
एक टिप्पणी भेजें